*सांगली: तीन साल से गिरवी रखा सोना 'अंतर्राष्ट्रीय मानवता अधिकार एवं मीडिया संगठन' ने वापस दिलाया, पीड़ित परिवार ने दिया आशीर्वाद*
*सांगली, महाराष्ट्र:* रिश्तों और भावनाओं का गलत फायदा उठाकर एक व्यक्ति द्वारा तीन साल से गिरवी रखा गया सोना आखिरकार पीड़ित महिला को वापस मिल गया है। 'अंतर्राष्ट्रीय मानवता अधिकार एवं मीडिया संगठन' के हस्तक्षेप के बाद 02 जून 2026 को कुंभारी कोसारी निवासी सौ. सारिका कांबळे को उनका पूरा सोना वापस दिलाया गया।
*क्या है पूरा मामला?*
सौ. सारिका कांबळे ने संगठन को दी शिकायत में बताया कि एक व्यक्ति ने उनकी भावनात्मकता और नाते-रिश्ते का फायदा उठाकर उनसे सोने के गहने लिए थे। उसने वादा किया था कि कुछ समय बाद सोना लौटा देगा। लेकिन तीन साल बीत जाने के बाद भी उसने सोना वापस नहीं किया। परेशान होकर सारिका कांबळे ने 'अंतर्राष्ट्रीय मानवता अधिकार एवं मीडिया संगठन' से न्याय की गुहार लगाई।
*संगठन ने की तत्काल कार्रवाई*
शिकायत मिलते ही संगठन के *महाराष्ट्र राज्य प्रभारी मा. मिलिंद विष्णू साबळे* के मार्गदर्शन में कार्रवाई शुरू की गई। संगठन ने संबंधित व्यक्ति को दो महीने का समय देकर सोना लौटाने का अल्टीमेटम दिया था। निर्धारित समय सीमा समाप्त होने पर संगठन के पदाधिकारियों ने दबाव बनाया, जिसके परिणामस्वरूप 02 जून 2026 को सारिका कांबळे को उनका पूरा सोना सम्मान के साथ वापस दिलाया गया।
*इनके प्रयासों से मिला न्याय*
इस कार्य में *महाराष्ट्र राज्य प्रभारी मा. मिलिंद विष्णू साबळे*, *सांगली जिला अध्यक्ष व सदस्य शंकर कांबळे*, *सांगली जिला प्रभारी समाधान मोहिते* तथा *महाराष्ट्र राज्य अध्यक्ष मा. सुनील साबळे* का विशेष योगदान रहा। सभी पदाधिकारियों के अथक प्रयासों से ही पीड़ित महिला को न्याय मिल सका।
*परिवार ने दिया आशीर्वाद*
सोना वापस मिलने के बाद सारिका कांबळे के माता-पिता भावुक हो गए। उन्होंने संगठन के सभी पदाधिकारियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा, "जब कोई हमारी सुनवाई नहीं कर रहा था, तब इस संगठन ने हमें न्याय दिलाया। हम तहे दिल से संगठन को आशीर्वाद देते हैं।"
*संगठन का संकल्प*
इस अवसर पर *मा. मिलिंद विष्णू साबळे* ने कहा, "हमारा संगठन हमेशा पीड़ित, शोषित और गरीब लोगों के साथ खड़ा है। किसी के साथ भी अन्याय नहीं होने देंगे। महिलाओं का सम्मान और उनका हक दिलाना हमारी पहली प्राथमिकता है।"
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